बिलों से बाहर आने लगे अभिभावकों के मंच

बिलों से बाहर आने लगे अभिभावकों के मंच
Abhivavak Ekta Manch,
Abhivavak Ekta Manch,

Yashvi Goyal
Faridabad| स्कूल में प्रवेश का सीजन आरंभ होते ही बहुत से अभिभावक मंच एकाएक बिल से बाहर निकल कर आने लगे हैं| उनका दावा है कि निजी स्कूल वाले लूटखसोट मचा रहे हैं|
इनमे से एक हरियाणा अभिभावक एकता मंच ने दावा किया है कि प्राइवेट स्कूल प्रबंधक शिक्षा सत्र 2019-20 के लिए 6 महीने पहले किए जा रहे नए दाखिलों में नियमों का उल्लंघन करके अभिभावकों का मानसिक व आर्थिक शोषण कर रहे हैं। नर्सरी, केजी आदि कक्षाओं में दाखिला अपनी मर्जी से बनाए गए नियम कानूनों में करके 50 से 150000 रूपये गैरकानूनी रूप से वसूल रहे हैं। मंच ने चेयरमैन सीबीएसई, शिक्षा सचिव हरियाणा को पत्र लिखकर स्कूलों की इस मनमानी की शिकायत करके दोषी स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
मंच के प्रदेश महासचिव कैलाश शर्मा ने बताया कि नया शिक्षा सत्र अप्रैल 2019 से शुरू होगा, लेकिन स्कूल प्रबंधक इसके लिए 6 महीने पहले ही प्री-नर्सरी, नर्सरी, एलकेजी आदि कक्षाओं के लिये दाखिला शुरू कर दिया है। दाखिला फार्म ही 500 से 1000 रूपये में दिया जा रहा है। दाखिला के लिए स्कूल प्रबंधकों ने अपनी मर्जी से और अपने फायदे के अनुसार गैर कानूनी व नियम बना रखे हैं।
कई स्कूलों ने तो कक्षा एक से पहले किड्स, प्री-नर्सरी, नर्सरी, एलकेजी, यूकेजी नाम से पांच कक्षाएं बना रखी है और उनकी आयु सीमा भी अपनी मर्जी से दाखिले के लिए 2 साल से 4 साल के बीच रखी हुई है। इसके अलावा दाखिले के लिये बच्चे व उनके मां बाप की शैक्षणिक व आर्थिक योग्यता का इंटरव्यू लिया जा रहा है। नियम यह है कि नए शिक्षा सत्र के लिए दाखिले दिसंबर-जनवरी में किए जाएं और दाखिला देने के बाद एडवांस में सिर्फ एक टोकन राशि ली जाए, लेकिन स्कूल प्रबंधक 6 महीना पहले ही हजारों रुपए एडवांस के रूप में लेकर मोटी फीस लेकर और उस पर ब्याज कमा रहे हैं जबकि पढ़ाई अप्रेल से शुरू होती है। स्कूल प्रबंधक तर्क देते हैं कि अभिभावक अपनी मर्जी से पूरी फीस एडवांस में देते हैं। इतना कि नियम यह भी है कि दाखिला नजदिक के बच्चों को पहले दिया जाये और सीट बचने पर ही दूसरे क्षेत्र के बच्चों को दाखिला दिया जाये लेकिन स्कूल प्रबंधक उन्हीं बच्चों का दाखिला दे रहे हैं जिन्होंने उनकी मनमानी शर्तों को मानकर मोटा डोनेशन दिया है।
मंच ने स्कूलों की इस मनमानी को काफी गंभीरता से लिया है, दोषी स्कूलों के खिलाफ कार्यवाही करने के लिये मंच का लीगल सैल सक्रिय हो गया है। मंच के जिला अध्यक्ष एडवोकेट शिवकुमार जोशी व सचिव डा. मनोज शर्मा ने अभिभावकों से कहा है कि पीडि़त अभिभावक स्कूलों की इस मनमानी की शिकायत चैयरमेन सीबीएसई व शिक्षा सचिव हरियाणा से करें और उसकी एक प्रति मंच के जिला कार्यालय लॉयर्स चैम्बर 56 जिला कोर्ट फरीदाबाद में दें। मंच पीडि़त अभिभावकों की पूरी मदद करेगा और उन्हें न्याय दिलायेगा।

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